दयालु प्रभु से


भजन - दयालु प्रभु से

 (चाल—तेरे लाडलों  की दुआ  मांगते है)


दयालु प्रभु से दया मांगते हैं

हम अपने दुःखों की दवा मांगते हैं।

नहीं हम सा कोई अधम और पापी,

ना सत कर्म हम ने किये है कदापि

किये पाप हम ने है अपराध भारी

हम उनकी हृदय से क्षमा मांगते है, ॥टेक॥

प्रभु तेरी भक्ति में मन यह मगन हो

निजातम के चिन्तन की हर दम लगन हो,

मिले सत समागम करें ज्ञान चर्चा

ये वरदान भगवन सदा मांगते है ॥टेक॥

न दुनिया के भोगों की कुछ कामना है

नहीं स्वर्ग सुख की हमें चाहना है

यही एक आशा है, बन जायें तुम से

ना शिवराम पैसा टका मांगते हैं।

।। ओऽम् श्री महावीराय नमः ।।

द्वारा -सरिता जैन

सेवानिवृत्त हिन्दी प्राध्यापिका

हिसार

🙏🙏🙏

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